सीबीआई ने भिवानी में शिक्षिका की मौत के मामले की जांच संभाली, प्राथमिकी दर्ज
आशीष नेत्रपाल
- 08 Sep 2025, 07:20 PM
- Updated: 07:20 PM
नयी दिल्ली, आठ सितंबर (भाषा) केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने पिछले महीने हरियाणा के भिवानी में मृत पाई गई 18 वर्षीय शिक्षिका के मामले में प्राथमिकी दर्ज कर ली है और राज्य पुलिस से जांच का जिम्मा अपने हाथ में ले लिया है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि केंद्रीय एजेंसी ने भारतीय न्याय संहिता के तहत गैरकानूनी तरीके से बंधक बनाने और हत्या से संबंधित धाराओं (पीड़ित परिवार की याचिका पर राज्य पुलिस द्वारा बाद में जोड़ी गई धाराएं) के अंतर्गत राज्य पुलिस की प्राथमिकी को फिर से दर्ज किया है।
‘प्लेस्कूल’ की शिक्षिका मनीषा का शव 13 अगस्त को भिवानी जिले के सिंघानी गांव के एक खेत में मिला था। वह 11 अगस्त से लापता थी, जब वह पास के एक नर्सिंग कॉलेज में भर्ती के बारे में पूछताछ करने के लिए स्कूल से निकली थी।
मनीषा की मौत से भारी आक्रोश फैल गया। प्रदर्शन करते हुए लोगों ने जिले में सड़कें जाम कर दीं। मनीषा के परिवार और कांग्रेस सहित विपक्षी दलों ने मामले में सीबीआई से जांच कराए जाने की मांग की।
यह मामला हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र में भी उठाया गया था। बाद में, राज्य सरकार ने मामले की जांच सीबीआई से कराने का फैसला किया। केंद्र ने यह मामला चार सितंबर को सीबीआई को सौंप दिया था।
मौत के मामले में एक कथित सुसाइड नोट के सामने आने से जांच में नया मोड़ आ गया।
पुलिस ने दावा किया था कि जांच से पता चला कि युवती ने जहर खाकर आत्महत्या की। हालांकि, उसके पिता ने इस निष्कर्ष को खारिज कर दिया और न्याय की मांग करते हुए शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया।
उन्होंने कहा था, ‘‘प्रशासन कह रहा है कि मेरी बेटी ने आत्महत्या की है, लेकिन मैं कह सकता हूं कि वह कभी आत्महत्या नहीं कर सकती। मुझे न्याय चाहिए।’’
शिक्षिका के शव को तीसरी बार पोस्टमॉर्टम के लिए नयी दिल्ली स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) भेजा गया। इससे पहले, भिवानी सिविल अस्पताल और रोहतक के पीजीआईएमएस अस्पताल में पोस्टमॉर्टम हो चुका था।
भिवानी के पुलिस अधीक्षक सुमित कुमार ने पूर्व में कहा था कि शिक्षिका के शव के पास एक बैग में कथित आत्महत्या से पहले लिखा गया एक पत्र मिला। इस बैग में उसका आधार कार्ड और अन्य दस्तावेज भी थे। उन्होंने कहा था कि शिक्षिका द्वारा कीटनाशक खरीदने के सबूत भी मिले हैं।
भाषा आशीष