दिल्ली आबकारी नीति में लाभ पाने के लिए कविता ने ‘आप’ नेताओं के साथ मिलकर साजिश रची: ईडी
जोहेब दिलीप
- 18 Mar 2024, 08:36 PM
- Updated: 08:36 PM
नयी दिल्ली, 18 मार्च (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार को आरोप लगाया कि भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) की नेता के. कविता और कुछ अन्य लोगों ने आम आदमी पार्टी (आप) को 100 करोड़ रुपये का भुगतान करके दिल्ली आबकारी नीति में लाभ पाने के लिए अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया समेत पार्टी के शीर्ष नेताओं के साथ “साजिश” रची।
तेलंगाना के पूर्व मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव की बेटी और विधान परिषद सदस्य कविता (46) को ईडी ने पिछले हफ्ते हैदराबाद स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया था और वह 23 मार्च तक जांच एजेंसी की हिरासत में हैं।
ईडी ने एक बयान में दावा किया कि जांच में पता चला है कि कविता ने अन्य लोगों के साथ मिलकर "दिल्ली आबकारी नीति बनाने और लागू करने में लाभ पाने के लिए अरविंद केजरीवाल तथा मनीष सिसोदिया समेत ‘आप’ के शीर्ष नेताओं के साथ साजिश रची।"
एजेंसी ने कहा, "लाभ के बदले में वह आप के नेताओं को 100 करोड़ रुपये देने में शामिल थीं।"
बयान में कहा गया है कि दिल्ली आबकारी नीति 2021-22 के निर्माण और कार्यान्वयन में "भ्रष्टाचार व साजिश" से, आप को थोक विक्रेताओं से रिश्वत के रूप में लगातार अवैध धन मिला।
इसमें आरोप लगाया गया है, "कविता और उसके सहयोगियों को आप को अग्रिम भुगतान की गई अपराध की आय की वसूल करनी थी और इस पूरी साजिश से अपराध की आय/ मुनाफे को बढ़ाना था।"
एजेंसी ने पिछले सप्ताह कविता की हिरासत का अनुरोध करते हुए विशेष धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) अदालत को बताया था कि वह "दिल्ली आबकारी नीति घोटाले की मुख्य साजिशकर्ता और लाभ हासिल करने वालों में से एक थीं।”
कविता ने कहा था कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं किया है। उन्होंने आरोप लगाया था कि केंद्र सरकार ईडी का "इस्तेमाल" कर रही है।
आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि भाजपा राजनीतिक विरोधियों को खत्म करने के लिए ईडी और सीबीआई को अपने "गुंडों" के रूप में इस्तेमाल कर रही है।
ईडी ने कहा कि उसने 2022 में मामला दर्ज होने के बाद से देश भर में 245 स्थानों पर छापा मारा है और दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री और आप के नेता मनीष सिसोदिया, संजय सिंह और कुछ शराब कारोबारियों समेत 15 लोगों को गिरफ्तार किया है।
ईडी ने इस मामले में अब तक कुल छह आरोप पत्र दायर किए हैं और 128 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्ति कुर्क की है।
भाषा
जोहेब