अनिल अंबानी समूह की कंपनियों के शेयरों में गिरावट, रिलायंस इन्फ्रा 10 प्रतिशत टूटा
अनुराग अजय
- 23 Aug 2024, 07:27 PM
- Updated: 07:27 PM
नयी दिल्ली, 23 अगस्त (भाषा) अनिल अंबानी की अगुवाई वाली कंपनियों के शेयर शुक्रवार को भारी गिरावट के साथ बंद हुए।
बाजार नियामक सेबी ने उद्योगपति अनिल अंबानी तथा रिलायंस होम फाइनेंस के पूर्व प्रमुख अधिकारियों समेत 24 अन्य को कंपनी से धन के हेर-फेर के मामले में प्रतिभूति बाजार से पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया है। इसके बाद ही उनकी कंपनियों के शेयरों में गिरावट आई।
बीएसई पर रिलायंस इन्फ्रास्ट्रक्चर का शेयर 10.07 प्रतिशत गिरकर 211.70 रुपये और एनएसई पर 10.91 प्रतिशत गिरकर 209.99 रुपये पर बंद हुआ।
रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (आरएचएफएल) का शेयर बीएसई पर पांच प्रतिशत गिरकर 4.46 रुपये पर और एनएसई पर निचले सर्किट पर आने के बाद 4.46 रुपये पर आ गया।
रिलायंस पावर का शेयर भी एनएसई पर पांच प्रतिशत गिरकर 34.48 रुपये के निचले मूल्य दायरे पर आ गया और बीएसई पर 34.45 रुपये पर बंद हुआ।
दिन के कारोबार के दौरान, रिलायंस पावर के शेयर ने एनएसई पर 38.07 रुपये और बीएसई पर 38.11 रुपये का अपना 52-सप्ताह का उच्चतम स्तर छुआ।
बीएसई का 30 शेयर वाला सेंसेक्स 33.02 अंक बढ़कर 81,086.21 अंक पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी 11.65 अंक चढ़कर 24,823.15 अंक पर बंद हुआ।
सेबी ने बृहस्पतिवार को उद्योगपति अनिल अंबानी, आरएचएफएल के पूर्व प्रमुख अधिकारियों सहित 24 अन्य को कंपनी से धन के हेर-फेर के लिए प्रतिभूति बाजार से पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया है।
सेबी ने अंबानी पर 25 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया और उन्हें पांच साल की अवधि के लिए प्रतिभूति बाजार से जुड़ने पर प्रतिबंध लगा दिया है। इसमें किसी भी सूचीबद्ध कंपनी या बाजार नियामक के साथ पंजीकृत किसी भी इकाई में निदेशक या प्रमुख प्रबंधकीय कार्मिक (केएमपी) के रूप में शामिल होना शामिल है।
इसके अलावा भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड ने रिलायंस होम फाइनेंस (आरएचएफएल) को प्रतिभूति बाजार से छह महीने के लिए प्रतिबंधित कर दिया और उसपर छह लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
प्रतिबंधित 24 इकाइयों में आरएचएफएल के पूर्व प्रमुख अधिकारी अमित बापना, रवींद्र सुधालकर और पिंकेश आर. शाह शामिल हैं। अंबानी पर 25 करोड़ रुपये, बापना पर 27 करोड़ रुपये, सुधालकर पर 26 करोड़ रुपये और शाह पर 21 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया।
भाषा अनुराग