बसपा कार्यकर्ता लाइन से हटकर किसी से भी शादी कर सकते हैं: मायावती
जफर खारी
- 07 Dec 2024, 03:20 PM
- Updated: 03:20 PM
लखनऊ, सात दिसंबर (भाषा) बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती ने उन खबरों का खंडन किया जिसमें कहा गया था कि एक नेता को पार्टी से इसलिए निकाल दिया गया क्योंकि उन्होंने अपने बेटे की शादी समाजवादी पार्टी (सपा) के विधायक की बेटी से कर दी। उन्होंने कहा कि बसपा कार्यकर्ता पार्टी लाइन से हटकर किसी से भी शादी करने के लिए स्वतंत्र हैं।
बसपा की रामपुर इकाई के पूर्व अध्यक्ष सुरेंद्र सागर के बेटे की हाल ही में आंबेडकर नगर जिले के अलापुर से सपा विधायक त्रिभुवन दत्त की बेटी के साथ शादी हुई। इससे पहले दत्त बसपा में थे, लेकिन 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले सपा में शामिल हो गए।
मायावती ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा कि सागर और रामपुर में बसपा के मौजूदा जिला अध्यक्ष प्रमोद कुमार को उनके बीच जारी विवाद के कारण पार्टी से निष्कासित किया गया था और इसका शादी से कोई लेना-देना नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘रामपुर जिले की इकाई के पूर्व अध्यक्ष सुरेन्द्र सागर और मौजूदा जिला अध्यक्ष प्रमोद कुमार का आपसी झगड़ा चरम पर था, जिससे पार्टी के कार्य प्रभावित हो रहे थे। इसीलिए दोनों को एक साथ निकाला गया। इसका शादी से कोई संबंध नहीं है।’’
मायावती ने कहा, ‘‘कौन किस पार्टी के लोगों के साथ अपना रिश्ता बना रहा है इसका पार्टी से कोई लेना-देना नहीं है। लोग स्वतंत्र हैं जहां चाहें वहां रिश्ता करें। यह सब उनकी सोच पर निर्भर करता है, लेकिन ऐसे लोगों से जरूर सर्तक रहें जो इसका भी गलत प्रचार कर रहे हैं।’’
एक अन्य पोस्ट में मायावती ने कहा कि पार्टी सदस्यों को बसपा के पूर्व सांसद मुनकाद अली के बेटे की शादी में शामिल होने से इसलिए रोका गया क्योंकि उनकी बेटी ने सपा के टिकट पर मीरापुर से राज्य विधानसभा उपचुनाव लड़ा था।
मीरापुर विधानसभा क्षेत्र से सपा प्रत्याशी सुम्बुल राणा की शादी पूर्व सांसद कादिर राणा के बेटे शाह मोहम्मद से हुई है।
मायावती ने कहा, ‘‘बसपा ने भी इस सीट पर चुनाव लड़ा था। ऐसे में शादी में दोनों दलों के लोगों के बीच टकराव की आशंका को लेकर चर्चा आम थी। इससे बचने के लिए पार्टी को यह कदम उठाना पड़ा, लेकिन जिस तरह से इसका प्रचार किया जा रहा है, वह ठीक नहीं है।’’
मुजफ्फरनगर जिले की मीरापुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में राष्ट्रीय लोकदल की मिथलेश पाल ने जीत दर्ज की।
पाल को 84,304 वोट मिले और उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी राणा को 30,796 मतों के अंतर से हराया। बसपा उम्मीदवार 3,248 वोट पाकर पांचवें स्थान पर रहीं।
भाषा जफर