इजराइल ने गाजा में हमलों का दायरा बढ़ाने के मद्देनजर आरक्षित सैनिकों को लामबंद करना शुरू किया
एपी सुरेश दिलीप
- 02 Sep 2025, 10:37 PM
- Updated: 10:37 PM
दीर अल-बलाह (गाजा), दो सितंबर (एपी) इजराइल ने गाजा में हमलों का दायरा बढ़ाने की अपनी योजना के तहत मंगलवार को हजारों आरक्षित सैनिकों को लामबंद करना शुरू कर दिया। हालांकि, इस योजना की इजराइल और विदेश में निंदा की जा रही है।
इस बीच, मंगलवार सुबह से गाजा पट्टी में कम से कम 47 लोग मारे गए हैं। अस्पतालों के हवाले से यह जानकारी दी गयी है।
गाजा सिटी में, एक अधिकारी ने एसोसिएटेड प्रेस को बताया कि इजराइली हमलों में कम से कम 26 लोग मारे गए, जो मंगलवार सुबह से शिफा अस्पताल पहुंचे थे।
अल-कुद्स अस्पताल के अनुसार, तेल अल-हवा में एक आवासीय इमारत पर हुए हमले में मंगलवार को 28 लोग घायल हो गए। यह हमले पड़ोस में रात भर हुए हमलों के एक दिन बाद हुए थे।
रात में पड़ोस में स्थित एक आवासीय इमारत पर हुए हमले में कम से कम तीन बच्चों सहित 15 लोग मारे गए।
शिफा अस्पताल ने इजरायली हमले में 15 लोगों की मौत की पुष्टि की है, जो पड़ोस पर हुए कई घातक हमलों में से एक है।
दक्षिण में, खान यूनिस स्थित नासिर अस्पताल और नुसेरात स्थित अवदा अस्पताल ने बताया कि वितरण स्थलों के पास और संयुक्त राष्ट्र के काफिलों के आने-जाने वाले गलियारे में इजराइली हवाई हमलों और गोलीबारी में 22 लोग मारे गए हैं।
गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, हाल के महीनों में 2,300 से ज्यादा सहायता चाहने वाले मारे गए हैं।
इजराइल ने पिछले महीने आरक्षित सैनिकों को लामबंद करने की घोषणा की थी। सैनिकों को ऐसे समय में लामबंद किया जा रहा है, जब थल और वायुसेना उत्तरी और मध्य गाजा में और अधिक स्थानों को निशाना बना रही हैं। इनमें पश्चिमी गाजा शहर से सटे दो स्थान जैतून और शिजइया शामिल हैं। हमास के खिलाफ 23 महीने से जारी युद्ध में इजराइल इन दोनों स्थानों पर कई बार आक्रमण कर चुका है।
इजराइली सेना ने पिछले महीने कहा था कि आरक्षित सैनिकों को बुलाने की प्रक्रिया चरणबद्ध होगी और कुल 60 हजार सैनिकों को बुलाया जाएगा। इसके अलावा पहले से तैनात ऐसे 20 हजार सैनिकों की सेवा अवधि भी बढ़ाई जाएगी।
गाजा के स्वास्थ्य मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि अगस्त में भुखमरी के कारण कुल 185 लोगों की मौत हुई है। यह किसी एक महीने में भुखमरी से जान गंवाने वालों की सबसे अधिक तादाद है।
मंत्रालय के अनुसार, युद्ध में कुल 63,633 फलस्तीनियों की मौत हो चुकी है, जबकि 160,914 लोग घायल हुए हैं।
एपी सुरेश