दिल्ली: होटल में लगी भीषण आग के बाद दुकानें बंद, पसरा सन्नाटा
वैभव
- 04 Jun 2026, 01:20 PM
- Updated: 01:20 PM
नयी दिल्ली, चार जून (भाषा) दिल्ली के मालवीय नगर इलाके की उस गली में आज सन्नाटा पसरा हुआ है, जहां एक दिन पहले एक होटल में लगी आग के दौरान लोग इमारत से बाहर निकलने के लिए मदद की गुहार लगा रहे थे और उनकी चीखें सुनाई दे रही थीं।
बुधवार सुबह होटल 'फ्लरिश इन' में लगी भीषण आग में 21 लोगों की मौत हो गई और दर्जनों लोग घायल हो गए।
मृतकों में कई विदेशी नागरिक भी शामिल थे, जो पास के अस्पतालों में इलाज करा रहे अपने रिश्तेदारों की तीमारदारी के लिए आए थे और होटल में ठहरे हुए थे।
बृहस्पतिवार सुबह इलाके के कई गेस्ट हाउस, होमस्टे और दुकानें बंद रहीं।
स्थानीय लोगों ने बताया कि इन इमारतों में रहने वाले लोगों को अपना सामान समेटकर अपने कमरे खाली करने पड़े क्योंकि मालिक इन्हें बंद कर रहे हैं।
आमतौर पर चहल-पहल वाला यह इलाका सुनसान सा दिखाई पड़ रहा था, सड़कों पर कम ही लोग थे और व्यावसायिक गतिविधियां भी नाममात्र की थीं।
गली से गुजर रहे लोग होटल के पास पहुंचते ही धीमे हो गए।
कुछ लोग जली हुई इमारत को देखने के लिए रुक गए जबकि अन्य वहां घटी भयावह घटना पर चर्चा कर रहे थे।
घटना के एक दिन बाद स्थानीय लोगों ने बताया कि आग फैलने पर इमारत के अंदर फंसे लोग बदहवास होकर कांच की खिड़कियों को तोड़ने के लिए जोर-जोर से हाथ-पैर मार रहे थे और मदद के लिए पुकार रहे थे।
एक स्थानीय निवासी ने 'पीटीआई-भाषा' को बताया, "मुझे सुबह-सुबह मेरे घर के पीछे रहने वाली मेरी किराएदार का फोन आया, जिसने मुझे बताया कि आग लग गई है। मैं घबरा गया और पहले तो मुझे लगा कि आग मेरे ही घर में लगी है। जैसे ही मैं बाहर निकला, उसने मुझे बताया कि आग वास्तव में हमारे घर के पीछे वाली इमारत में लगी है।"
उन्होंने बताया कि जब वह घटनास्थल पर पहुंचे तो उन्होंने कई लोगों को अंदर फंसा हुआ देखा।
उन्होंने बताया, "वे अपने हाथों से कांच की खिड़कियों पर मार रहे थे और मदद के लिए इशारे कर रहे थे। हमने तुरंत पत्थर, हथौड़े और अन्य औजार इकट्ठा कर कांच तोड़ने शुरू कर दिए। किसी तरह कांच तोड़ने के बाद हम ऊपर गए और अंदर फंसे लोगों को बचाने में मदद की।"
निवासियों ने दावा किया कि होटल मालिक लवकेश बजाज के इलाके में तीन होटल हैं, जिनमें 'फ्लरिश इन' भी शामिल था।
लवकेश को बुधवार शाम को गिरफ्तार किया गया था।
होटल के बाहर, आग से बचने के लिए इमारत से कूदने वाले लोगों को चोट से बचाने के लिए इस्तेमाल किए गए गद्दे इमारत के पास पड़े रहे।
अधिकारियों ने बताया कि आग लगने का कारण अब तक पता नहीं चल पाया है।
भाषा जितेंद्र वैभव
वैभव
0406 1320 दिल्ली