बिहार : पटना में बच्चे को कुचलने के आरोपी चालक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला, जांच जारी
कैलाश रवि कांत
- 10 Jul 2026, 04:35 PM
- Updated: 04:35 PM
पटना, 10 जुलाई (भाषा) बिहार की राजधानी पटना में ढाई वर्षीय बच्चे को कथित तौर पर एसयूवी से कुचलने वाले चालक का शव बाद में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
पुलिस के मुताबिक यह घटना बुधवार को जक्कनपुर थाना क्षेत्र के करबिगहिया स्थित डीपीएस कॉलोनी में हुई। मृतक चालक की पहचान पटना के बिशुनपुर पकड़ी निवासी 30 वर्षीय अनुराग राज के रूप में हुई है।
जक्कनपुर थाने के प्रभारी ऋतुराज सिंह ने 'पीटीआई-भाषा' से कहा, ''बुधवार को ढाई वर्षीय बच्चा कॉलोनी के भीतर खेल रहा था। इसी दौरान एसयूवी चला रहे व्यक्ति ने कथित तौर पर उसे कुचल दिया। बच्चे को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई। पुलिस जब घटनास्थल पर पहुंची तो पास के एक कमरे का दरवाजा बाहर से बंद मिला। ताला तोड़ने पर कमरे के अंदर खिड़की की ग्रिल से लटका एसयूवी चालक का शव बरामद हुआ।''
उन्होंने बताया कि फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (एफएसएल) की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है। मौत के सही कारणों का पता फॉरेंसिक विभाग की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही चल सकेगा।
पटना सदर-दो के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) तथा सदर-एक के प्रभारी रंजन कुमार ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।
उन्होंने 'पीटीआई-भाषा' से कहा, ''बच्चे की मौत के मामले में यातायात थाने में मामला दर्ज किया गया है, जबकि चालक की पत्नी की शिकायत पर जक्कनपुर थाने में एक अलग प्राथमिकी दर्ज की गई है।''
उन्होंने बताया कि चालक की मौत के मामले में अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है और मामले की जांच जारी है।
मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया कि ''प्रभावशाली लोगों के शामिल होने'' के कारण पुलिस मामले को दबाने की कोशिश कर रही है।
मृतक अनुराग के भाई आनंद कुमार ने 'पीटीआई-वीडियो' से कहा, ''मेरा भाई बिजली विभाग में काम करता था। एक एसडीओ उससे अतिरिक्त और बिना भुगतान का काम कराते थे। वह अक्सर अनुराग को अपनी या अपने परिवार के सदस्यों की गाड़ी चलाने के लिए बुलाते थे। घटना वाले दिन भी मेरा भाई जाने के लिए तैयार नहीं था, लेकिन एसडीओ ने उसे जबरन बुलाया।''
उन्होंने आरोप लगाया कि अनुराग के फोन आने पर जब परिवार के सदस्य घटनास्थल पर पहुंचे तो उन्होंने उसे एक कमरे में बंद पाया।
आनंद कुमार ने कहा, ''हमने डायल-112 पर फोन किया, लेकिन पुलिस की टीम को भी कमरे के भीतर नहीं जाने दिया गया। बाद में थाना पुलिस पहुंची, ताला तोड़ा और खिड़की की ग्रिल से लटका हुआ अनुराग का शव बरामद किया।''
उन्होंने आरोप लगाया कि स्थानीय लोगों ने उनके भाई की पीट-पीटकर हत्या कर दी और बाद में शव को कमरे में बंद कर दिया।
पुलिस का कहना है कि मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है।
भाषा
कैलाश रवि कांत
1007 1635 पटना