सतर्कता ब्यूरो के कार्यालय पर सीबीआई छापे से आप सरकार में व्याप्त भ्रष्टाचार का पर्दाफाश: विपक्ष
पवनेश
- 12 May 2026, 10:25 PM
- Updated: 10:25 PM
चंडीगढ़, 12 मई (भाषा) पंजाब सतर्कता ब्यूरो के मोहाली कार्यालय में सीबीआई द्वारा देर रात की गई छापेमारी के बाद मंगलवार को विपक्षी दलों ने आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि इससे भगवंत मान सरकार में व्यवस्था के भीतर व्याप्त "गहरे भ्रष्टाचार" का एक बार फिर पर्दाफाश हुआ है।
अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने सोमवार देर रात पंजाब सतर्कता ब्यूरो के कार्यालय पर छापा मारा और विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से कथित तौर पर जुड़े 13 लाख रुपये के रिश्वत मामले में दो बिचौलियों और एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया।
सीबीआई ने पंजाब राज्य के एक कर अधिकारी की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज करने के बाद यह कार्रवाई की। कर अधिकारी ने विकास गोयल और उनके बेटे राघव गोयल पर पंजाब के डीजी (सतर्कता) कार्यालय में उनके खिलाफ एक शिकायत को बंद कराने के बदले में 20 लाख रुपये की अवैध रिश्वत मांगने का आरोप लगाया था।
माना जा रहा है कि यह किसी केंद्रीय जांच एजेंसी द्वारा पंजाब सतर्कता ब्यूरो के कार्यालय पर की गई पहली छापेमारी है। पंजाब सतर्कता ब्यूरो राज्य की अपनी भ्रष्टाचार रोधी शाखा है।
इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने मुख्यमंत्री मान और आम आदमी पार्टी (आप) प्रमुख अरविंद केजरीवाल पर राज्य सतर्कता कार्यालय में भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।
मजीठिया ने इस बात पर भी हैरानी जताई कि आरोपी निजी व्यक्तियों को पंजाब पुलिस से एके-47 राइफलों से लैस शस्त्रधारी किस तरह मुहैया कराए गए।
उन्होंने बताया कि विकास गोयल और राघव गोयल को सीबीआई ने अंबाला के पास से गिरफ्तार किया। उन्होंने बताया कि गिरफ्तारी के समय उनके साथ दो बंदूकधारी भी थे।
मजीठिया ने राज्य सरकार से पूछा कि निजी बिचौलियों के लिए आधिकारिक सुरक्षा को किसने मंजूरी दी थी।
सीबीआई के एक प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी निजी व्यक्तियों को आधिकारिक तौर पर पुलिस के बंदूकधारी मुहैया कराए गए थे। प्रवक्ता ने कहा कि आरोपियों के साथ एके-47 राइफलों से लैस पंजाब पुलिस के शस्त्रधारकों की भूमिका और तैनाती की जांच की जा रही है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रताप सिंह बाजवा ने कहा कि सतर्कता ब्यूरो कार्यालय में सीबीआई की छापेमारी ने एक बार फिर आप शासन के तहत व्यवस्था के भीतर व्याप्त "गहरे भ्रष्टाचार" को उजागर कर दिया है।
बाजवा ने पूछा, "भ्रष्टाचार से लड़ने के लिए गठित संस्था पर ही भ्रष्टाचार में लिप्त होने का आरोप लग रहा है। पंजाब को जवाब चाहिए। यह नेटवर्क कितना गहरा है और कौन किसको संरक्षण दे रहा है?"
पंजाब कांग्रेस के प्रमुख अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर "ऐसी स्थिति पैदा करने का आरोप लगाया है जहां केंद्रीय एजेंसियों को हस्तक्षेप करने का बहाना मिल रहा है।"
उन्होंने कहा कि "घटनाओं की कड़ियों" को नजरअंदाज करना मुश्किल है, जो चुनाव वाले राज्यों में भाजपा के मानक चुनाव-पूर्व अभ्यास में पूरी तरह से फिट बैठता है।
सतर्कता ब्यूरो के खिलाफ सीबीआई की कार्रवाई का जिक्र करते हुए वडिंग ने कहा कि पंजाब में सभी (खासकर विपक्षी दल) यह जानते हैं कि पिछले चार वर्षों में केंद्रीय एजेंसी का उनके खिलाफ किस तरह दुरुपयोग किया गया है।
भाषा
शुभम पवनेश
पवनेश
1205 2225 चंडीगढ़