नासिक में राहुल गांधी: महिला आरक्षण को लेकर कांग्रेस .भाजपा में तकरार
भाषा
- 02 Sep 2026, 05:27 PM
- Updated: 05:27 PM
मुंबई, दो सितंबर (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के नासिक दौरे के विरोध में बुधवार को प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि कांग्रेस संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के प्रतिनिधित्व का विरोध करती है।
इस आरोप पर महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पृथ्वीराज चव्हाण ने पलटवार करते हुए कहा कि सत्तारूढ़ दल को पहले ''आरएसएस मुख्यालय में महिलाओं की 'एंट्री' सुनिश्चित करनी चाहिए।''
इससे पहले दिन में नासिक की महापौर हिमगौरी आहेर-अडके, भाजपा की अन्य महिला नेताओं और समर्थकों ने गांधी के दौरे के खिलाफ विरोध मार्च निकाला। प्रदर्शन में शामिल कई महिलाओं ने काली साड़ियां पहन रखी थीं और उन्होंने गांधी के खिलाफ ''वापस जाओ'' के नारे लगाए।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी बुधवार को नासिक दौरे पर हैं। वह पार्टी के संगठनात्मक पुनर्गठन अभियान में शामिल प्रतिभागियों को संबोधित करेंगे।
नासिक की भाजपा विधायक देवयानी फरांदे ने संवाददाताओं से कहा, ''मेरा राहुल गांधी से सवाल है कि आपकी पार्टी लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं के प्रतिनिधित्व का विरोध क्यों करती है? राहुल गांधी को आज इसका जवाब देना चाहिए।''
महिलाओं को संसद और विधानसभाओं में आरक्षण देने तथा लोकसभा सीटों की संख्या बढ़ाने से संबंधित संविधान संशोधन विधेयक इस साल अप्रैल में लोकसभा में पारित नहीं हो सका था। इस विधेयक में लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान था।
फरांदे ने कहा, ''अगर देश को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है तो हमने देखा है कि स्थानीय निकायों में आरक्षण मिलने के बाद महिलाओं का बड़े स्तर पर सशक्तीकरण हुआ है। महिलाएं अपने अधिकारों के प्रति जागरुक हुई हैं।''
नासिक की महापौर हिमगौरी आहेर-अडके ने कहा कि भारत के इतिहास में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने राहुल गांधी पर कथित रूप से 'नारी शक्ति वंदन' अधिनियम का विरोध करने का आरोप लगाया।
उन्होंने सवाल किया, ''राहुल गांधी या उनकी पार्टी ने महिलाओं के सशक्तीकरण और उन्हें आगे बढ़ाने के लिए क्या किया है?''
भाजपा के इस प्रदर्शन के कारण कुछ समय के लिए सीबीएस और अशोक स्तंभ के बीच यातायात प्रभावित हुआ।
वहीं, पृथ्वीराज चव्हाण ने भाजपा के आरोप को ''पूरी तरह झूठ'' बताया।
उन्होंने कहा, ''2023 में जब भाजपा ने संसद में महिला आरक्षण विधेयक पेश किया था, तो क्या कांग्रेस ने उसका समर्थन नहीं किया था? अगर आप नया विधेयक लाना चाहते हैं तो हम उसका समर्थन करेंगे। कांग्रेस और राजीव गांधी महिला आरक्षण विधेयक लाने वाले शुरुआती लोगों में थे। आपकी यह बात कहां से आई? पहले आरएसएस मुख्यालय में महिलाओं को एंट्री दिलाइए, फिर इस बारे में बात कीजिए।''
चव्हाण ने यह बात यहां कांग्रेस के प्रशिक्षण शिविर स्थल एमटीडीसी रिसॉर्ट में मीडिया से बातचीत के दौरान कही।
उन्होंने यह भी दावा किया कि 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम से भाजपा परेशान हो गई है।
चव्हाण ने कहा, '' मोहन भागवत (आरएसएस प्रमुख) कार्यक्रम आयोजित कर रहे हैं, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उसी समय कार्यसमिति की बैठक रख दी ताकि राहुल जी टीवी पर नजर न आएं, और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस आज नागपुर में युवाओं को संबोधित कर रहे हैं। आप ऐसा क्यों कर रहे हैं?''
उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने 12 साल तक युवाओं को याद नहीं किया, लेकिन अब उन्हें याद कर रही है।
इस बीच, कांग्रेस नेता माणिकराव ठाकरे ने कहा कि पार्टी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का विरोध करेगी, खासकर राज्य की मतदाता सूची से करीब दो करोड़ नाम हटाए जाने के मुद्दे का।
भाषा